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म्योरपुर ब्लॉक के फरीपान उम्भा काण्ड जैसी घटना को सह दे रहा है प्रशासन

म्योरपुर ब्लॉक के फरीपान उम्भा काण्ड जैसी घटना को सह दे रहा है प्रशासन


राजस्व विभाग की चुप्पी चर्चा में भूमि विवाद को लेकर घट सकती है बड़ी घटना



प्रदीप कुमार जायसवाल


लोकल न्यूज ऑफ इंडिया 


म्योरपुर।  ब्लॉक के सांगोबांध में दो दिन पूर्व जमीन विवाद में घटी चाकू बाजी की घटना अभी सुलझा नही की पड़ोसी गांव फरीपान में एक और मामला तूल पकड़ रहा है । रविवार को किसान रामबृक्ष ,राम प्रसाद ,सुग्रीव आदि के परिजनों ने प्रादर्शन कर मांग उठाई की हम लोग किसके खानदान है।उपरोक्त लोगो का आरोप है कि गांव के दबंग ने हमारे बाबा को को निसंतान बता हम लोगो की जमीन हड़पने की साजिस की जा रही है


,मुख्यमंत्री पोर्टल पर तीन बार शिकायत के बाद किसान सुग्रीव और उसके भाईयो की जमीन का मुद्दा तो सुलझाने में राजस्व विभाग ने कोई रुचि नही दिखयी। अब किसान के पूरे 16 विघा जमीन हड़पने की साजिश को लेकर पूरा परिवार भयभीत है।पीड़ित किसान रामबृक्ष,राम प्रसाद, सुग्रीव की मॉने तो उसके बाबा बेचू को निसंतान बताया जा रहा है जिनकी मौत 80 के दशक में हो चुकी है।जबकि बेचू के नाम लगभग 16 विघा जमीन उनके निधन के बाद जुल्फन यादव को वरासत में मिली और उनके निधन के बाद उनके पुत्रो के नाम वरासत हुई। ग्राम प्रधान रामचन्द्र, गांव के बुजुर्ग बीरन,जगेश्वर, शिव संकर, रामलखन पड़ोसी गांव के 75 वर्षीय सोबन, मोती, समेत दर्जनों लोगों का कहना है कि मामले की उच्च स्तरीय जांच नही करायी गयी तो पूरा परिवार सड़क पर आ जायेगा। पीड़ित किसान सुग्रीव का कहना है कि हम ब भाईयो ने मिल कर लेखपाल को 4 हज़ार पैसे भी दिए। लेखपाल आज कल कर 9 महीना बिता दिया।आरोप लगाया कि गांव का ही एक दबंग हम लोगो की जमीन हड़प ने के लिए साजिस रच रहा है।कथित दबंग के खिलाफ जांच कर कार्यवाही नही की गई तो हम लोग सामूहिक रूप से आत्महत्या कर लेंगे।इसके अलावा कोई रास्ता ही नही सूझ रहा है।


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