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वन सम्पदा के रूप में प्रकृति ने हमको दिया हैं अपार ऑक्सीजन लंगर - अभिनेत्री हर्षदा पाटिल


विजय शुक्ल 

लोकल न्यूज ऑफ़ इंडिया 

मुंबई, दिल्ली। सूरत और सीरत दोनों में बेहतरीन और अच्छी  सोच की मल्लिका हैं अभिनेत्री हर्षदा पाटिल। समाजसेवा  के साथ साथ पर्यावरण की हर मुहीम में  बढ़चढ़कर हिस्सा लेने वाली प्रधानमंत्री जन कल्याणकारी प्रचार प्रसार योजना की महाराष्ट्र प्रदेश की ब्रांड एम्बेस्डर अभिनेत्री हर्षदा पाटिल रुपहले परदे की हसीन सितारा हैं और तेलुगु से लेकर हिंदी और महाराष्ट्री सिनेमा में लाखो करोडो चाहने वाले दर्शको के दिल पर  राज करती हैं।  



और  हर्षदा का मानना हैं कि उनकी  अपनी पैतृक संस्कृति हैं जो अपने पिता डॉक्टर गोपाल किशन राव पाटिल और और माँ से मिली हैं।  पांच पौधे लगाकर प्रकृति का श्रृंगार करने जैसा सुख मिला यह मेरे अपने फैंस के लिए भी  एक सन्देश हैं और उनके लिए मेरी तरफ से तोहफा भी। 



क्योकि मेरा मानना हैं कि अच्छी आदतों की लत देर से लगती हैं और यह लत सबको लगनी चाहिए। हर्षदा पाटिल में जहां  ओर श्रीदेवी जैसा किरदार निभाने की क्षमता हैं वही अपनी अच्छी आदतों की वजह से वो नामी फ़िल्मी हस्तियों में एक  अलग मुकाम रखती हैं।  अपने दर्शको और  चाहने वालो के लिए हर्षदा का यह वीडियो सन्देश हैं :




हेलो गुड मॉर्निंग नमस्कार मैं आपकी हर्षदा पाटील . आज हम सब कोरोना महामारी में ऑक्सीजन के लिए तड़प रहे हैं। कही टैंकर तो कही लंगर लगाए जा रहे हैं वो भी ऑक्सीजन के।  ज़रा सोचिये इस प्रकृति ने तो हमें अपार वन सम्पदा रुपी लंगर दिया था ऑक्सीजन का. हमने उनको काट दिया। अब यह महामारी हमें एक सीख दे गयी कि  जब हमारी कारे , फैक्ट्रिया सब बंद हुई तो प्रकृति खिल उठी और आज पर्यावरण दिवस के दिन अगर हम सब बस यह सोच ले कि  हर भारतवासी सिर्फ पांच पेड़ लगाकर उसकी देखभाल करे तो पूरे जीवन भर यही हमारी रक्षा करेंगे। मैंने शुरुआत कर दी हैं क्या आपने की ?

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