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करीब चार दशक से पार्टी को समर्पित सुमेर तंवर पर पटौदी विधानसभा में दांव लगा सकती है भाजपा



-गुरुग्राम की चार विस सीटों में से पटौदी विधानसभा है आरक्षित सीट
-बिना किसी पद की लालसा के सदा संगठन के लिए काम करते रहे हैं तंवर
-30 साल से मनोहर लाल के साथ मिलकर किया है काम


सुमित ठाकुर 
लोकल न्यूज ऑफ़ इंडिया 
गुरुग्राम। भारतीय जनता पार्टी के लिए एक कार्यकर्ता के रूप में करीब चार दशक से समर्पित सुमेर सिंह तंवर पर पार्टी पटौदी विधानसभा आरक्षित सीट से दांव लगा सकती है। सुमेर ङ्क्षसह तंवर की छवि संगठन में ऐसे नेता की है, जिसका कभी किसी से कोई विवाद नहीं रहा। हर किसी के साथ मिलनसार स्वभाव के सुमेर सिंह तंवर का नाम पटौदी से टिकट के लिए संगठन में चल रहा है।
पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, पूर्व सीएम एवं वर्तमान में केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल के करीबियों में सुमेर सिंह तंवर का कद संगठन में बड़ा है। संगठन की ओर से दिए गए हर दायित्व को बखूबी निभाने वाले तंवर की तैयारी अब विधानसभा चुनाव लडऩे की है। पटौदी विधानसभा से उनकी दावेदारी मजबूत मानी जा रही है। सुमेर सिंह तंवर के संगठन में कार्यों की बात करें तो वर्ष 1987 में उन्होंने भाजपा की सदस्यता ली थी और चुनाव में बूथ पर काम किया था। 1991 में भाजपा युवा मोर्चा के जिला सचिव का दायित्व दिया गया। साथ ही नरेंद्र भाई मोदी के संयोजन में एकता यात्रा में भाग लिया व जम्मू कश्मीर के उधमपुर में गिरफ्तारी दी। 1993 में गुडग़ांव नगर परिषद के चुनाव में 33 वार्डों का प्रचार प्रमुख का दायित्व निभाया।
वर्ष 1994 में डोडा बचाओ यात्रा में जम्मू में दी गिरफ्तारी
1994 में भाजपा युवा मोर्चा गुडग़ांव मंडल के महासचिव, 1994 में ही डोडा बचाओ यात्रा में जम्मू में गिरफ्तारी दी। भाजयुमो गुडग़ांव के जिला अध्यक्ष रहे भूपेंद्र यादव के नेतृत्व में राष्ट्रीय कार्यकारिणी की गुडग़ांव में आयोजित तीन दिवसीय बैठक का संयोजक एवं आयोजन समिति में प्रचार-प्रसार, प्रेस एवं आवास प्रमुख का दायित्व दिया गया। 1997 में भाजपा युवा मोर्चा गुडग़ांव का मंडल अध्यक्ष की जिम्मेदारी सुमेर सिंह तंवर को दी गई। वर्ष 1998 में लोकसभा के चुनाव में बड़ौदा लोकसभा के अंतर्गत सांगली विधानसभा का प्रवासी प्रभारी का दायित्व निभाया।
डा. सुधा यादव के लोकसभा चुनाव में तीन विधानसभाएं संभाली
कारगिल युद्ध के समय यानी 1999 के लोकसभा चुनाव में उन्होंने महेंद्रगढ़ लोकसभा सीट से प्रत्याशी डा. सुधा यादव के चुनाव में गुडग़ांव, पटौदी व सोहना विधानसभाओं में मीडिया प्रमुख एवं प्रचार प्रमुख का दायित्व संभाला था। इसके बाद उन्होंने जम्मू लोकसभा के अंतर्गत 25 कार्यकर्ताओं के साथ साम्भा सैक्टर विधानसभा के अंतर्गत 35 गांवों का प्रवासी प्रभार दिया गया, जिसे उन्होंने बखूबी निभाया।
पूर्व राष्ट्रपति कोविंद के दलित चेतना सम्मेलन को बनाया सफल
2001 में वे भाजपा अनुसूचित मोर्चा गुडग़ांव जिला के महासचिव, 2003 में भाजपा अनुसूचित मोर्चा हरियाणा प्रदेश के महासचिव, 2004 में लोकसभा चुनाव में प्रचार प्रमुख, 2005 में भाजपा अनुसूचित मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं सांसद रहे पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के नेतृत्व में गुडग़ांव में विशाल दलित चेतना सम्मेलन के संयोजक भी रहे।  वर्ष 2008 में उन्हें संगठन ने गुडग़ांव जिला का उपाध्यक्ष बनाया। 2010 में भी उन्हें फिर से यही पद दिया गया। 2014 में पूर्व विधायक एवं जिला अध्यक्ष रहे तेजपाल तंवर की टीम में भाजपा गुरुग्राम के वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष रहे। इसी वर्ष लोकसभा चुनाव में उन्हें गुरुग्राम विधानसभा क्षेत्र का प्रचार प्रमुख, कार्यालय सहप्रमुख एवं चुनाव संचालन समिति का सदस्य बनाया गया। 2015 में भाजपा सदस्यता महाअभियान के लिए उन्हें गुरुग्राम जिला सह-प्रमुख बनाया गया। 2015 में ही उन्हें मुख्यमंत्री मनोहर लाल द्वारा गठित निगरानी कमेटी गुरुग्राम विधानसभा का अध्यक्ष बनाया गया। 2019 में पटौदी विधानसभा के चुनाव में प्रभारी का दायित्व मिला।
श्रीराम जन्म भूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास निधि समर्पण अभियान में भी शामिल रहे
2021 में श्रीराम जन्म भूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास निधि समर्पण अभियान संचालन समिति के सदस्य के रूप में सुमेर तंवर ने काम किया। 2021 में प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य एवं जिला फरीदाबाद व रेवाड़ी में चुनाव प्रबंधन समिति प्रभारी नियुक्त किया गया। इसी वर्ष वे भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा हरियाणा एवं गुरुग्राम विधानसभा भाजपा अर्जुन मंडल के मंडल पालक व गुरुग्राम लोकसभा चुनाव 2024 में गुरुग्राम विधानसभा का चुनाव प्रबंधन समिति के संयोजक उन्हें बनाया गया।

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