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संस्कृति विवि की वेबिनार प्रो चड्डा ने बताए कैरियर विकास के मंत्र

संस्कृति विवि की वेबिनार प्रो चड्डा ने बताए कैरियर विकास के मंत्र


 

अंतरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त मनोविज्ञानी प्रो चड्डा।

रिटायर्ड लेफ्टिनेंट बच्चू सिंह 

लोकल न्यूज ऑफ़ इंडिया 

मथुरा। संस्कृति विश्वविद्यालय द्वारा कैरियर डवलपमेंट को लेकर एक महत्वपूर्ण वेबिनार में मुख्य वक्ता, अंतर्राष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त मनोवैज्ञानिक प्रोफेसर एनके चड्डा ने विद्यार्थियों को बताया कि वे कैसे अपने आप में परिवर्तन लाएं और अपने आप का विकास करें।

प्रोफेसर चड्डा ने कहा कि आज पहले से ज्यादा रोजगार के अवसर हैं। जो बच्चे ये सोचते हैं कि उन्हें रोजगार नहीं मिल रहा या नहीं मिल पाएगा, ऐसे विद्यार्थी अपने आप से सवाल करें कि उन्होंने रोजगार पाने के लिए प्रयास कोन सा किया। अगर आप ऐसा करते है तो आपको पता चलता है कि आप क्यों रोजगार नहीं पा सके। अनोन वाल्मीकि का उदाहरण देते हुए कहा कि कभी ये नहीं सोचना चाहिए कि में यह नहीं कर सकता, हमेशा यह सोचें कि में यह कर सकता हूं, ऐसा सोचेंगे तो आप ऐसा करने लगेंगे। उन्होंने विद्यार्थियों को बताया कि कैरियर विकास के लिए पांच बातों पर ध्यान देना जरूरी है, पर्सनैल्टी, इंटरेस्ट, ओरिएंटेशन स्टाइल, अटिट्यूड और इमोंशनल इंटेलिजेंस।

 


प्रोफेसर चड्डा ने कहा कि अच्छा रोजगार पाने के लिए बहुत अच्छे नम्बर होना जरूरी नहीं है। आज कंपनीज़ आपकी नॉलेज और स्किल पर ज्यादा ध्यान देती हैं। उन्होंने कहा कि चार बातें आपकी सफलता तय करती हैं, स्वयं के प्रति जागरूकता, स्वप्रबंधन, सामाजिक जागरूकता और जनसंपर्क योग्यता। ये योग्यताएं आपकी रोजगार पाने की छमता को बढ़ाती हैं। इस प्रभावपूर्ण उद्बोधन के बाद उन्होंने विद्यार्थियों के प्रश्नों को सिलसिलेवार जवाब देकर उनकी जिज्ञासाओं को शांत किया। वेबिनार के प्रारंभ में संस्कृति विश्वविदयालय के कुलपति प्रोफेसर सी एस दुबे ने अतिथि वक्ता का परिचय देते हुए स्वागत किया। वेबीनार के अंत माई संस्कृति स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग के डीन सुरेश कसवान ने धन्यवाद ज्ञापन किया।

 की होंगे। उल्लेखनीय है कि प्रोफेसर चड्डा की पुस्तक ‘ कैरियर डवलपमेंट-डिफरेंट वोइस, डिफरेंट चाइस में प्रोफेसर चड़्डा विद्यार्थियों को कैरियर से जुड़ी बारीकियों के बारे में विस्तृत और बारीक जानकारी दें।

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