सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

मौसम के कारण विरोध प्रदर्शन रद्द, प्रबंधन को सौपा ज्ञापन

 




शिवम गोयल 

लोकल न्यूज ऑफ इंडिया 

हरिद्वार। भेल हरिद्वार की हीप एवं सी. एफ.एफ.पी. की 3 यूनियनों द्वारा दिनाँक 18.10.2021 को सांय: 3 बजे भेल हीप मेन गेट पर पी. पी. एवं बोनस के लिये संयुक्त समिति की बैठक ना बुलाये जाने, 5 वर्ष से अधिक होने पर भी यूनियन के मान्यता के चुनाव अभी तक ना होने, मृतक आश्रित के परिवार को रेगुलर नौकरी ना देने, एक करोड़ रूपये के टर्म इंश्योरेंस को लागू ना करने, भेल हरिद्वार प्रबन्धन की नाकामी के कारण भेल हरिद्वार में आये दिन हो रही चोरियों के लिये भेल प्रबन्धन एवं केन्द्रीय नेताओं के विरूद्ध विशाल विरोध प्रदर्शन करने का निर्णय लिया गया था।परंतु उत्तराखंड सरकार एवम मौसम विभाग द्वारा जारी दिनाँक 17 अक्टूबर से 19 अक्टूबर को भारी बारिश एवम तेज हवाओं की अलर्ट को देखते हुए ओर 17 अक्टूबर से लगातार जारी वर्षा के बाद हैवी इलेक्ट्रिकल्स वर्कर्स ट्रेड यूनियन हीप ,cffp श्रमिक यूनियन एवम सेंट्रल फोर्ज वर्कर्स ट्रेड यूनियन की कार्यकारणी द्वारा आज दिनाँक 18 अक्टूबर को हीप मेन गेट पर होने वाले प्रदर्शन को स्थगित करने का निर्णय लिया गया। आज  उक्त तीनों संगठनों के वरिष्ठ पदाधिकारियो द्वारा भेल हरिद्वार के कर्मचारियों की ज्वलंत मांगो(pp एवम बोनस , टर्म इन्सुरेंस, मृतक आश्रित को रोजगार, इंसेंटिव स्कीम  एवम अन्य मांगों) को लेकर निदेशक मानव संसाधन भेल श्री अनिल कपूर जी को  महाप्रबंधक मानव संसाधन भेल हरिद्वार श्री नीरज दवे जी के माध्यम से   आज दोपहर 1:00 बजे एक ज्ञापन दिया।  तथा हैवी इलैक्ट्रिकल्स् वर्कर्स ट्रेड यूनियन के महामंत्री विकास सिंह ने कहा कि भेल प्रबन्धन और केन्द्रीय नेताओं की आपसी साँठगाँठ से कोरोना की आड़ में मजदूरों को मिलने वाला बोनस, पी.पी. का पिछले दो साल से नहीं दिया है और मजदूरों को मिलने वाली अन्य सुविधाओं जैसे नाईट एलाउंस, कैन्टीन सब्जिडी, व्हीकल सब्जिडी आदि की या तो कटौती कर दी या तो बंद कर दिया। जबकि अधिकारियों को मिलने वाली मोबाइल खरीदने की सुविधा व इसका बिल, फर्नीचर, कर्टसी आदि में किसी भी प्रकार की कोई भी कटौती नहीं की गई है। 9 अक्टूबर 2020 को करोना महामारी में जबकि कम्पनी लॉस में थी, करोड़ों रूपयों का पी.आर.पी. बाँट दिया गया परन्तु प्रबन्धन ने अभी तक वित्तीय वर्ष 2019-2020 एवं 2020-2021 के पी. पी. एवं बोनस की अभी तक संयुक्त समिति की बैठक नहीं बुलाई है। केन्द्रीय नेता भेल प्रबन्धन से निजी लाभ लेकर मजदूरों को मिलने वाली सुविधाओं में कटौती करा रहे है। भेल कॉरपोरेट प्रबन्धन दिल्ली में दीपावली से पूर्व संयुक्त समिति की बैठक पूर्व की भाँति बुलाकर 1 नवम्बर 2021 को उपरोक्त दोनों वर्षों के पी. पी., बोनस का भुगतान करें।

हैवी इलैक्ट्रिकल्स वर्कर्स ट्रेड यूनियन के कार्यवाहक अध्यक्ष रवि कश्यप ने कहा कि यूनियन के मान्यता के चुनाव हुये 5 वर्ष से अधिक हो चुके है लेकिन केन्द्रीय नेताओं द्वारा कोरोना की आड़ लेकर भेल में मान्यता के चुनाव होने नहीं दे रहे है। जबकि पूरे भारतवर्ष में लोक सभा, विधान सभा, नगर निगम, नगर पंचायत आदि के चुनाव हो रहे है और यहीं केन्द्रीय नेता उन चुनावों बड़ी बड़ी जनसभायें कर रहे है। भेल प्रबन्धन को लोकतान्त्रिक प्रक्रिया का पालन करते हुये तत्काल भेल में यूनियन्स् के मान्यता के चुनाव कराने चाहिये।

सी.एफ.एफ.पी. श्रमिक यूनियन के महामंत्री अमित गोगना ने कहा कि पिछले कुछ दिनों से उपनगरी में भेल प्रबन्धन की नाकामी के कारण टाऊनशिप में चोरियों की घटनाओं में बेतहाशा बढ़ोत्तरी हुई है। सैकड़ों क्वार्टरों में बिजली के पंखे, विद्युत उपकरण, नल, दरवाजे आदि तथा सेक्टर 2 व 4 की डिस्पेंसरी और सुपरवाईजर हॉस्टल में भी लाखों की चोरियाँ हो चुकी है। पूर्व में एच.आर.डी.सी. में भी चोरों ने दो बार चोरियों की हुई है पर भेल प्रबन्धन द्वारा इन चोरियों पर गम्भीर ना होने के कारण चोरों ने 14 अक्टूबर 2021 की प्रातः 5 बजे हाइड्रो के जनरेटर में ताँबे की बारों को चोरी करके करोड़ों रूपयों का नुकसान कर दिया है। भेल प्रबन्धन दोषी अधिकारियों पर कार्यवाही करते हुये उनसे कम्पनी को होने वाले नुकसान की भरपाई सुनिश्चित करें।

सेन्ट्रल फॉउण्ड्री फोर्ज वर्कर्स यूनियन के महामंत्री जय शंकर ने कहा कि पाँचवें फेस की लॉटरी निकले हुये लगभग 17 वर्ष से अधिक हो चुके है। यह मामला कोर्ट में लम्बित पड़ा हुआ है। जिसके कारण से कर्मचारियों को भूमि का आवंटन नहीं हो पा रहा है। हम भेल प्रबन्धन से पुरजोर माँग करते है कि वर्ष 2005 में आवेदकों एवं वर्तमान में जो भी कर्मचारी सेवारत है, इस फेस की जमीन पर उन सभी को मल्टी स्टोरी बिल्डिंग बनाकर आवास आवंटित कर दिये जाये। 

ज्ञापन देने के लिए  अशोक सिंह, बलवीर सिंह रावत, राकेश मालवीय, कामता प्रसाद, संतोष यादव, अजीत पाल वीरेंद्र भदोरिया,अरविंद मावी, नवीन कुमार, हरिहर प्रसाद, हरीश साहू, संदीप जोशी, विजय यादव, सत्येंद्र प्रताप,आदि अन्य कर्मचारी उपस्थित थे।

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

रोहित–त्रिशला : कोसी तट, हिमालय की पवित्र वेदी और वैदिक परिणय

  प्रिया बिष्ट  लोकल न्यूज ऑफ इंडिया  गर्जिया, ढिकुली. उत्तराखंड के रामनगर स्थित ढिकुली क्षेत्र में कोसी नदी के शांत तट पर डॉ. रोहित कटारिया और डॉ. त्रिशला परिहार का विवाह प्रकृति, परंपरा और आधुनिकता के संतुलित संगम के रूप में सम्पन्न हुआ। हिमालय की हरित शृंखलाओं की पृष्ठभूमि और कोसी के निरंतर प्रवाह के बीच आयोजित यह डेस्टिनेशन वेडिंग अपने वैदिक स्वरूप और सादगीपूर्ण आयोजन के कारण विशेष रहा। डॉ. त्रिशला परिहार स्वर्गीय श्रीमती पी.के. देवी एवं श्री रामाधार सिंह की पौत्री तथा श्रीमती सीमा सिंह और प्रो. अनिल कुमार सिंह की सुपुत्री हैं। उन्होंने एमबीबीएस की उपाधि प्राप्त की है और वर्तमान में एचआईएमएसआर, दिल्ली से एमडी (सामुदायिक चिकित्सा) की पढ़ाई कर रही हैं। डॉ. रोहित कटारिया स्वर्गीय श्रीमती कमला देवी एवं श्री दौलत राम के पौत्र तथा श्रीमती मुकेश लता और श्री रमेश कटारिया, गुरुग्राम के सुपुत्र हैं। उन्होंने वीएमएमसी से एमबीबीएस और एमडी (रेडियोलॉजी) की उपाधि प्राप्त की है तथा एम्स ऋषिकेश से इंटरवेंशनल रेडियोलॉजी में पीजीडी किया है। विवाह समारोह कोसी नदी के तट पर स्थित कॉर्बेट ह...

39 साल की सरकारी सेवा के बाद अब वैश्विक मंच पर डॉ. गोपाल पाटील!

  66 वर्ष की उम्र में मानवाधिकारों की अंतरराष्ट्रीय जिम्मेदारी, ग्लोबल ह्यूमन राइट्स डिफेंस ने बनाया एशिया का डिप्लोमैट और अंतरराष्ट्रीय सलाहकार परिषद का सलाहकार न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय का दौरा, बांग्लादेशी हिंदू समुदाय के बीच मानवाधिकारों की आवाज उठाई, मोहन भागवत के कार्यक्रम में भी हुए शामिल डॉ विजय शुक्ल  लोकल न्यूज ऑफ इंडिया पुणे/नई दिल्ली।  जिंदगी की असली पहचान इस बात से नहीं होती कि किसी व्यक्ति ने कितने वर्षों तक किस पद पर काम किया, बल्कि इस बात से होती है कि अपने अनुभव, ज्ञान और सामर्थ्य को उसने समाज के लिए कितना उपयोगी बनाया। महाराष्ट्र के पुणे निवासी विद्यावाचस्पति डॉ. भाऊ उर्फ गोपाल राधाबाई किशनराव पाटील की जीवनयात्रा इसी सोच का उदाहरण बनकर सामने आई है। भारत संचार निगम लिमिटेड में 39 वर्षों तक सेवाएं देने और उप महाप्रबंधक के पद से सेवानिवृत्त होने के बाद उन्होंने 66 वर्ष की उम्र में अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकारों के क्षेत्र में नई जिम्मेदारी संभाली है। नीदरलैंड के हेग स्थित ग्लोबल ह्यूमन राइट्स डिफेंस (जीएचआरडी) ने उन्हें एशिया के लिए डिप्लोमैट और अं...

बंधी मे नहाते चपकी के तीन बच्चो की मौत शैलेश कुमार

बंधी मे नहाते चपकी के तीन बच्चो की मौत शैलेश कुमार लोकल न्यूज ऑफ़ इंडिया बभनी / सोनभद्र ।स्थानीय थाना क्षेत्र के चपकी मे बन्धी मे नहाते समय पानी मे डुबने से तीन बच्चो की मौत हो गयी है। प्राप्त जानकारी अनुसार दिनांक कल दोपहर में लगभग दो बजे अपने घर चपकी से महुआ बीनने जंगल मे बंधी के पास आये थे बंधी में तीनों नहाते समय डूब गए। घर वाले शाम को 7बजे खोजते हुए महुए के पास आये तो बंधी के किनारे कपड़ा मिला जिसके आधार पर बंधी में तलाशा गया । तीनो बच्चो के शव बंधी से निकलवा लिये गए है जिनके नाम पता क्रमशः 1 अमन बियार पुत्र रामबदन उम्र 8 वर्ष 2 अमरेश चंद्र पुत्र रामबदन उम्र 6 वर्ष 3 सोनू बियार पुत्र नन्दलाल उम्र 7 वर्ष निवासीगण ग्राम चपकी  शक्ति डांड थाना बभनी जनपद सोनभद्र  सूचना पर मौके पहुची बभनी पुलिस ने शव को पानी से बाहर निकलवा कर अग्रिम कार्यवाही मे जुट गई है।